Holi celebrations continue for the third day in Prayagraj: Abir-Gulal showers in Thatheri Bazaar, people dance to film songs
स्वतंत्रता आंदोलन के दौर से चली आ रही परंपरा के तहत मनाई गई खास होली; बाजार में बैरिकेडिंग कर बाहरी लोगों के प्रवेश पर रोक, महिलाओं ने भी अलग आयोजन में खेली होली
संवाददाता – आलोपी शंकर शर्मा
Holi Update Prayagraj होली प्रयागराज। – रंगों के पर्व होली का उल्लास शहर में तीसरे दिन भी पूरे जोश और उमंग के साथ देखने को मिला। पुराने शहर के चौक क्षेत्र स्थित ऐतिहासिक ठठेरी बाजार में परंपरा के अनुसार तीसरे दिन विशेष होली खेली गई।

सुबह से ही बर्तन विक्रेता, कारीगर और बाजारवासी रंगों में सराबोर नजर आए। अबीर-गुलाल की बौछार और गीले रंगों की फुहारों से पूरा बाजार रंगमय हो उठा, जबकि फिल्मी गीतों की धुन पर लोग जमकर थिरकते दिखाई दिए।

दो दिनों तक शहरभर में होली का जश्न मनाने के बाद तीसरे दिन ठठेरी बाजार में होली खेलने की वर्षों पुरानी परंपरा आज भी जीवंत है। बाजार के दुकानदार, कारीगर और उनके परिवार के लोग सुबह से ही घरों से बाहर निकल आए और एक-दूसरे को रंग लगाकर खुशियां बांटी। महिलाओं और बच्चों ने भी पूरे उत्साह के साथ इस रंगोत्सव में हिस्सा लिया।
होली के रंग में सराबोर हुआ बाजार
सुबह से ही बाजार में गुलाल के बादल उड़ते रहे और गीले रंगों की बौछार से माहौल खुशनुमा बना रहा। लोग फिल्मी गीतों— “रंग बरसे भीगे चुनर वाली”, “होली खेलैं रघुवीरा बिरज में” जैसे गीतों पर झूमते और नाचते नजर आए। जैसे-जैसे दिन चढ़ता गया, होली का उत्साह और रंग दोनों और गहरे होते चले गए।
बाहरी लोगों के प्रवेश पर रही पाबंदी
इस खास परंपरा को बनाए रखने के लिए बाजार के दोनों ओर बैरिकेडिंग की गई थी। पुलिसकर्मी मौके पर तैनात रहे ताकि ठठेरी बाजार में बाहरी लोगों का प्रवेश न हो सके। इस आयोजन में केवल बाजार में रहने वाले और उनके परिवार के लोग ही शामिल हुए।
स्वतंत्रता आंदोलन से जुड़ी है परंपरा
ठठेरी बाजार की तीसरे दिन होली खेलने की परंपरा का ऐतिहासिक महत्व भी है। स्वतंत्रता आंदोलन के समय यहां पीतल की पिचकारियां और टंकियां बड़ी संख्या में बनती और बिकती थीं। दुकानदार और कारीगर होली के दिनों में पिचकारियों की बिक्री और मरम्मत में व्यस्त रहते थे, इसलिए उन्होंने अपने लिए तीसरे दिन होली खेलने की परंपरा शुरू की। समय बीतने के बाद भी यह परंपरा आज तक उसी उत्साह के साथ निभाई जा रही है।
महिलाओं के लिए विशेष होली का आयोजन
इधर लोकनाथ व्यायामशाला में पहली बार केवल महिलाओं के लिए विशेष होली का आयोजन किया गया। लोकनाथ मिलन संघ के तत्वावधान में आयोजित इस कार्यक्रम में लोकनाथ और मालवीय नगर क्षेत्र की महिलाओं ने बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया। इस दौरान व्यायामशाला में किसी भी पुरुष को प्रवेश नहीं दिया गया।
संघ के अध्यक्ष निखिल पांडेय ने बताया कि अक्सर महिलाएं घरेलू जिम्मेदारियों के कारण होली खेलने से वंचित रह जाती हैं, इसलिए इस बार उनके लिए अलग से आयोजन किया गया, जिससे वे भी खुलकर रंगों के इस त्योहार का आनंद ले सकें।
पूरे आयोजन के दौरान ठठेरी बाजार और आसपास के इलाके में होली की उमंग,
